श्री गुरू राम राय दरबार साहिब, श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल व अधिकारियों को ब्लैकमेल करने वाले अमित तोमर को कोर्ट से करारा झटका व तमाचा लगा है। माननीय कोर्ट ने तुरंत प्रभाव से अमित तोमर के आपत्तिजनक, अशोभनीय पोस्ट पर रोक लगा दी है। श्री दरबार साहिब के व्यवस्थापक श्री मधुसुदन सेमवाल ने

अमित तोमर पर पच्चीस करोड़ की मानहानि का दावा ठोक दिया है। अमित तोमर पिछले कुछ समय से अपने कुछ साथियों के साथ मिलकर श्री दरबार साहिब, श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल व

ये भी पढ़ें:  राजधानी में युवक द्वारा एक युवती की धारधार हथियार से हमला युवती की मौत

अधिकारियों को ब्लैकमेल कर रहा था, और मनगढंत व झूठी अफ़वाह फैलाकर पैसे ऐंठना चाह रहा था। पहले उसने मातावाला बाग में पेड काटने का मुद्दा उठाया कि श्री मधुसूदन सेमवाल ने पेड़ कटवाये. इस आरोप को वन विभाग की टीम ने खारिज कर दिया और अब श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल पर आरोप लगाने लगा है

ये भी पढ़ें:  मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार" अभियान की अवधि 20 फ़रवरी तक बढ़ाई गई

माननीय कोर्ट ने तुरंत संज्ञान लेकर अमित तोमर के किसी भी तरह की पोस्ट पर रोक लगा दी है। और एस०जी०आर०आर० की समस्त संस्थाओं में जाने पर भी रोक लगा दी है। उधर श्री दरबार साहिब प्रबन्धन ने 25 करोड़ का मानहानि का कैस दर्ज कर दिया है। अमित तोमर का ब्लैकमेलिंग का इतिहास रहा है। लोगों को डरा धमकाकर अनाप-शनाप आरोप लगाकर पैसे ऐंठना उसका धंधा है। विश्वस्त्र सूत्रों के अनुसार अपराधिक गतिविधियों में लिप्त होने के कारण अमित तोमर का वकालत का लाइसेंस भी रद्द हो सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *