सहकारिता मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने आज शनिवार को अल्मोड़ा जिला सहकारी बैंक मुख्यालय में अल्मोड़ा जिला सहकारी बैंक लिमिटेड की 5 वर्षीय विकास प्रगति पुस्तिका का लोकार्पण किया। इस पुस्तिका में दीनदयाल किसान कल्याण योजना व मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत ऋण पाये ग्रामीणों की सफलता की कहानियां है जिन्होंने कुछ धन से अपना अच्छा कारोबार गांव में जोड़ा है।

कार्यक्रम के दौरान डॉ. रावत ने बैंक के उत्कृष्ट कार्यों की सराहना की और पिछले 7 वर्षों में राज्य में सहकारिता विभाग की ऐतिहासिक उपलब्धियों की प्रशंसा की। पुस्तिका में बैंक की प्रगति का विस्तृत विवरण है। उन्होंने कहा विकास प्रगति पुस्तिका हर समिति, बैंक शाखा, न्याय पंचायत, ब्लॉकों में वितरित की जाये ताकि, लोगों को सरकार द्वारा कराए गए कोऑपरेटिव सेक्टर के विकास कार्यो का पता चल सके

ये भी पढ़ें:  राजधानी में सनसनी जंगल में महिला की सडी गली लाश मिलने से मचा हड़कंप:S.S.P ने मौके पर जाकर किया निरीक्षण

डॉ. रावत द्वारा उल्लिखित प्रमुख विशेषताओं में से एक बैंक का शुद्ध एनपीए शून्य पर होना था, जो बैंकिंग क्षेत्र में एक उल्लेखनीय उपलब्धि है। उन्होंने बैंक के प्रदर्शन पर संतोष व्यक्त किया और अधिकारियों से इस उत्कृष्ट ट्रैक रिकॉर्ड को बनाए रखने के लिए अपने प्रयास जारी रखने का आग्रह किया।

कार्यक्रम के दौरान प्रशासक आकांक्षा कोंडे और सचिव/महाप्रबंधक श्री मनोहर सिंह भंडारी ने डॉ. रावत को बैंक की प्रगति पर एक विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की। यह स्पष्ट था कि बैंक ने अपने संचालन को बेहतर बनाने और जिले के लोगों को प्रभावी ढंग से सेवा देने में महत्वपूर्ण प्रगति की है।

ये भी पढ़ें:  मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर राज्य में खाद्य एवं रसद व्यवस्था की सतत निगरानी के लिए अधिकारियों की विशेष तैनाती

इसके अलावा, उप रजिस्ट्रार कुमाऊं मंडल हरीश चंद्र खंडूरी और अन्य अधिकारियों की उपस्थिति ने कार्यक्रम के महत्व को और बढ़ा दिया। बैंक मुख्यालय में पहुंचने पर डॉ. रावत का फूलों के गुलदस्ते के साथ गर्मजोशी से स्वागत किया गया, जो उनकी उपस्थिति के प्रति सम्मान और प्रशंसा को दर्शाता है यह समीक्षा/ लोकार्पण कार्यक्रम क्षेत्र में वित्तीय समावेशन और विकास को आगे बढ़ाने में अल्मोड़ा जिला सहकारी बैंक की कड़ी मेहनत और समर्पण का प्रमाण था। विकास प्रगति पुस्तिका का लोकार्पण हितधारकों के लिए बैंक की उपलब्धियों को समझने और उनकी सराहना करने के लिए एक मूल्यवान संसाधन के रूप में कार्य करता है। डॉ. रावत का प्रोत्साहन और समर्थन निस्संदेह बैंक अधिकारियों को सेवा वितरण और वित्तीय स्थिरता में उत्कृष्टता की दिशा में अपने प्रयासों को जारी रखने के लिए प्रेरित करेगा।

ये भी पढ़ें:  प्रदेश के हर ब्लाक में बनेंगे मिनी स्टेडियम

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *