मसूरी–देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) द्वारा प्राधिकरण क्षेत्रान्तर्गत अवैध प्लॉटिंग के विरुद्ध सघन अभियान जारी है। इसी क्रम में देहरादून जनपद के सेलाकुई क्षेत्र में नियमों को ताक पर रखकर की जा रही अवैध प्लॉटिंग पर आज सख़्त कार्रवाई करते हुए ध्वस्तीकरण की कार्यवाही की गई। यह कार्रवाई एमडीडीए की ज़ीरो टॉलरेंस नीति के तहत की गई, जिसका उद्देश्य सुनियोजित विकास, पर्यावरण संरक्षण और आमजन के हितों की रक्षा करना है प्राप्त जानकारी के अनुसार वीरू भण्डारी एवं अन्य द्वारा जी.डी. गोयंका स्कूल बस स्टॉप के निकट, सेलाकुई देहरादून क्षेत्र में लगभग 10 बीघा भूमि पर बिना मानचित्र स्वीकृति एवं प्राधिकरण की अनुमति के अवैध प्लॉटिंग की जा रही थी। मामले की जांच के बाद एमडीडीए द्वारा नियमानुसार नोटिस जारी किए गए, परंतु अनियमित गतिविधियाँ जारी रहने पर आज मौके पर ध्वस्तीकरण की कार्यवाही की गई। ध्वस्तीकरण की यह कार्रवाई सहायक अभियंता शशांक सक्सेना, अवर अभियंता सिद्धार्थ सेमवाल एवं मनीष नौटियाल, सुपरवाइजर तथा पर्याप्त पुलिस बल की मौजूदगी में शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराई गई। कार्रवाई के दौरान अवैध रूप से बनाए गए आंतरिक मार्ग, बाउंड्री चिन्हांकन एवं अन्य संरचनाओं को हटाया गया। एमडीडीए ने स्पष्ट किया कि भविष्य में भी अवैध निर्माण एवं प्लॉटिंग के विरुद्ध इसी प्रकार कठोर कदम उठाए जाएंगे।

ये भी पढ़ें:  धामी कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक सम्पन्न उच्च शिक्षा, पर्यटन, शिक्षा, वित्त, रोजगार, वन संरक्षण एवं प्रशासनिक सुधारों से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी

उपाध्यक्ष एमडीडीए बंशीधर तिवारी का बयान
मसूरी–देहरादून विकास प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध प्लॉटिंग और निर्माण किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। प्राधिकरण का स्पष्ट निर्देश है कि बिना मानचित्र स्वीकृति एवं नियमानुसार अनुमति के कोई भी विकास कार्य अवैध है। आज की कार्रवाई उसी प्रतिबद्धता का परिणाम है। आम नागरिकों से अपील है कि भूमि क्रय-विक्रय या निर्माण से पूर्व एमडीडीए से विधिवत अनुमति अवश्य प्राप्त करें, अन्यथा कठोर कार्रवाई की जाएगी।

ये भी पढ़ें:  श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज ने आखर शब्दकोश एप का किया उद्घाटन

सचिव एमडीडीए मोहन सिंह बर्निया का बयान
एमडीडीए द्वारा लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है और जहां भी अवैध प्लॉटिंग या निर्माण की शिकायतें मिल रही हैं, वहां त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है। यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। हमारा उद्देश्य लोगों को ठगी से बचाना, नियोजित शहरी विकास को बढ़ावा देना और पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखना है। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी एमडीडीए ने पुनः नागरिकों से आग्रह किया है कि वे किसी भी प्रकार की अवैध प्लॉटिंग में निवेश करने से पहले प्राधिकरण से जानकारी अवश्य लें। प्राधिकरण द्वारा जारी मानचित्र स्वीकृति और अनुमति ही वैध मानी जाएगी

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *