सूबे के विद्यालयी शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने आज एससीईआरटी सभागार, ननूरखेड़ा में समग्र शिक्षा के अन्तर्गत राजकीय माध्यमिक विद्यालयों के कक्षा-12 विज्ञान वर्ग के छात्र-छात्राओं को मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा के लिए तैयार करने हेतु ‘सुपर 100‘ कार्यक्रम का उद्घाटन किया। इस कार्यक्रम के अन्तर्गत 100 मेधावी छात्र-छात्राओं को मेडिकल और इंजीनियरिंग की तैयारी के लिए निःशुल्क कोचिंग दी जायेगी। जिसमें बच्चों का चयन प्रवेश परीक्षा के आधार पर किया गया है।

कार्यक्रम में बतार मुख्य अतिथि डॉ. रावत ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम छात्र-छात्राओं के आत्मविश्वास को दोगुना करते हैं और उन्हें प्रतियोगी परीक्षा के लिये मजबूत करते हैं। उन्होंने कहा कि सुपर-100 कार्यक्रम बच्चों की सफलता की गारंटी साबित होगा, और इस कार्यक्रम के तहत प्रशिक्षण लेने वाले बच्चे इंजिनियरिंग व मेडिकल के क्षेत्र में अपना परचम लहरायेंगे। डॉ. रावत ने बताया कि यह कार्यक्रम 01 जून 2025 से 15 जुलाई 2025 तक कुल 45 दिनों तक चलाया जायेगा और चयनित छात्र-छात्राओं को सभी सुविधाएं निःशुल्क दी जायेगी। जिसमें भोजन, आवास, पठन सामग्री एवं कोचिंग के लिए शिक्षकों की व्यवस्था सम्मिलित है। कोचिंग के लिए अनुभवी शिक्षकों की व्यवस्था की गयी है। कोचिंग के दौरान छात्रों का निरंतर मूल्यांकन किया जायेगा साथ ही उन्हें प्रतिष्ठित संस्थानों व स्थानों का भ्रमण भी कराया जायेगा। डॉ. रावत ने शिक्षकों से अपील की कि अब प्रतिस्पर्धा व आत्मनिर्भरता का समय है और इसे चुनौती के रूप में स्वीकार कर छात्रों को तैयार करने के अवसर पैदा करें। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम में सहयोगी संस्था अवन्ती फेलोज का भी सहयोग लिया जा रहा है।

ये भी पढ़ें:  यूसीसी का एक साल एआई सहायता के साथ 23 भाषाओं में उपलब्ध यूसीसी सेवाएं उत्तराखंड समान नागरिक संहिता बनी तकनीकी उत्कृटता का मॉडल

विभागीय मंत्री ने छात्र-छात्राओं को कहा कि सफलता पाने के लिये छात्रों को कड़ी मेहनत करनी होगी, इसके लिये उन्हें सिलेबस को समझना होगा और एक अध्ययन योजना बनानी होगी। इसके साथ ही नियमित अभ्यास, मॉक टेस्ट और समय प्रबंधन भी जरूरी है। डॉ. रावत ने कहा कि तनाव और चिन्ता से निपटने के लिए स्वस्थ जीवनशैली यथा-पर्याप्त नींद, स्वस्थ भोजन और व्यायाम आवश्यक है। दोस्तों या सहपाठियों के साथ अध्ययन करके एक-दूसरे की सहायता कर प्रेरणा प्राप्त करें। सकारात्मक दृष्टिकोण रखें और अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए दृढ़ संकल्पित रहें।

ये भी पढ़ें:  देवभूमि का लाल देश के लिए हुआ शहीद

महानिदेशक विद्यालयी शिक्षा अभिषेक रुहेला ने बच्चों को अपने लक्ष्य साधने के लिए योजनाबद्ध तरीके से एंट्रेस एग्जाम की तैयारी करने का सुझाव दिया गया। वहीं अपर राज्य परियोजना निदेशक कुलदीप गैरोला ने बच्चों को सम्बोधित करते हुये कहा कि आपके अध्यापक प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का रास्ता दिखा सकते हैं, पर तैयारी में सारी मेहनत आपको ही करनी है।

ये भी पढ़ें:  जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” बना जनसेवा का सशक्त माध्यम मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में 3.22 लाख से अधिक नागरिकों को मिला सीधा लाभ

उद्घाटन समारोह में विभागीय मंत्री डा. रावत ने प्रतिभागी बच्चों को मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा की पुस्तकें व स्टेशनरी भी आवंटित की। कार्यक्रम में मंच संचालन बी0पी0 मैन्दोली, स्टाफ ऑफिसर समग्र शिक्षा द्वारा किया गया।

इस अवसर पर निदेशक एससीईआरटी वन्दना गर्ब्याल, निदेशक माध्यमिक शिक्षा मुकुल कुमार सती, निदेशक प्रारम्भिक शिक्षा अजय नौडियाल, अपर निदेशक महानिदेशालय पदमेन्द्र सकलानी, उप राज्य परियोजना निदेशक अजीत भण्डारी, प्रद्युमन सिंह रावत, अंजुम फातिमा, कार्यक्रम समन्वयक अखलेश ध्यानी, समस्त राज्य समन्वयक, एसीईआरटी के प्रवक्ता व अवन्ती फेलोज के प्रतिनिधि सम्मिलित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *