श्री गुरु राम राय मेडिकल एंड हेल्थ साइंसेज देहरादून में पहली बार इंटर्न छात्रों के लिए कॉलेज ऑडिटोरियम में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम के समन्वयक डॉ. रश्मि सिंगला और डॉ. आशुतोष सिंह रहे, जिसका आयोजन प्राचार्य डॉ. अशोक नायक के मार्गदर्शन एवं निर्देशन में किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य अतिथि निदेशक डॉ. मनोज गुप्ता एवं अन्य वरिष्ठ संकाय

सदस्यों की उपस्थिति में दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के साथ हुआ, जिसे डॉ. हरमीत ने प्रस्तुत किया। इसके पश्चात डॉ. मनोज गुप्ता, एम.एस. डॉ. उत्कर्ष शर्मा और प्राचार्य डॉ. अशोक नायक ने इंटर्नशिप कार्यक्रम पर अपने विचार साझा किए। कार्यक्रम का संचालन डॉ. हरमीत कौर ने अत्यंत सुंदर और प्रभावी ढंग से किया

ये भी पढ़ें:  आपदा का कारण न बनें विकास कार्य-असवाल

इस अवसर पर कुल नौ वक्ताओं ने अपने-अपने विशेषज्ञ क्षेत्रों से संबंधित ज्ञानवर्धक विषयों पर व्याख्यान प्रस्तुत किए। डॉ. सीमा आचार्य, जो पैथोलॉजी विभाग की प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष हैं, ने मूलभूत जांच रिपोर्टों की समझ पर प्रकाश डाला। डॉ. वी.के. माथुर, प्रोफेसर, सर्जरी ने प्राथमिक घाव प्रबंधन पर व्याख्यान दिया। डॉ. अंजलि चौधरी, प्रोफेसर, गायनोकोलॉजी ने संचार कौशल की महत्ता को समझाया। डॉ. रोहित शर्मा, एसोसिएट प्रोफेसर, इंटरवेंशन

ये भी पढ़ें:  जनगणना 2027 स्वगणना के माध्यम से सशक्त भागीदारी की ओर कदम कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने स्वयं स्वगणना कर प्रदेशवासियों से 24 अप्रैल तक जुड़ने की अपील

रेडियोलॉजी ने एक्स-रे और अल्ट्रासाउंड की मूलभूत जानकारी दी। डॉ. प्रतिभा सिंह, एसोसिएट प्रोफेसर, फॉरेंसिक मेडिसिन ने एथिक्स और मेडिको-लीगल मामलों पर विचार प्रस्तुत किए। डॉ. रश्मि सिंगला, प्रोफेसर, फार्माकोलॉजी ने प्रिस्क्रिप्शन में होने वाली त्रुटियाँ, प्रगति रिपोर्ट लेखन, डिस्चार्ज समरी और आकस्मिकता में आने वाले मेडिकोलीगल मामलों पर विस्तृत जानकारी दी। डॉ. आरजु, पीजी मेडिसिन ने ब्लड ट्रांसफ्यूजन से संबंधित महत्वपूर्ण पहलुओं को समझाया। डॉ. नूपुर पटेल, क्रिटिकल केयर विशेषज्ञ ने मूलभूत क्रिटिकल केयर की जानकारी दी और अंत में डॉ. आशुतोष सिंह, प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष, आपातकालीन चिकित्सा ने ईसीजी पढ़ने एवं मृत्यु प्रमाणपत्र लेखन पर अपने विचार रखे कार्यक्रम का समापन वक्ताओं को स्मृति चिन्ह एवं भाग लेने वाले इंटर्न छात्रों को प्रमाण पत्र वितरित कर किया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *